भर्ती घोटाले में सीबीआई जांच पर भ्रम फैलाकर पहले भी मुँह की खा चुकी है कांग्रेस
सीबीआई जांच की संस्तुति के बाद प्रक्रिया तुरंत पब्लिक डोमेन में शुरू नहीं होती
देहरादून। भाजपा के प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर सिंह चौहान ने कहा कि प्रदेश के दुखद अंकिता हत्याकांड प्रकरण में कांग्रेस उसे न्याय दिलाने के बजाय लगातार रोड़े अटकाने का काम कर रही है, जो अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है।
कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए चौहान ने कहा कि अंकिता हत्याकांड की सीबीआई जांच की संस्तुति मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनभावनाओं तथा अंकिता के माता-पिता की इच्छा के अनुरूप की है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की मंशा कभी भी इस मामले की सीबीआई जांच कराने की नहीं रही, लेकिन मुख्यमंत्री द्वारा जांच की घोषणा से उसे राजनीतिक झटका लगा है।
चौहान ने स्पष्ट किया कि किसी मामले को केंद्रीय एजेंसी से जांच हेतु भेजना एक नियमित प्रक्रियात्मक कदम है। राज्य सरकार द्वारा प्रतिवेदन भेजे जाने के बाद सीबीआई द्वारा सहमति देने की भी एक विधिक प्रक्रिया होती है। कांग्रेस इस विषय पर अनावश्यक आरोप-प्रत्यारोप कर केवल राजनीतिक भ्रम फैलाने का प्रयास कर रही है।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस को मीडिया ट्रायल के बजाय कानूनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए थी। अदालत में हुई विवेचना के आधार पर अब कांग्रेस तथ्यों को तोड़-मरोड़कर प्रस्तुत कर रही है। उन्होंने कहा कि आरोपियों द्वारा नार्को टेस्ट अथवा अन्य मांगों पर उस समय अदालत और कानून विशेषज्ञों की पैनी नजर थी तथा जांच एजेंसी भी पूरी तरह सतर्क थी, ताकि जांच की दिशा भटक न सके।
चौहान ने कहा कि अदालत ने सीबीआई जांच की मांग को खारिज करते हुए एसआईटी जांच पर संतोष व्यक्त किया था। जब एसआईटी जांच चल रही थी, तब कांग्रेस लगातार सवाल उठाती रही, लेकिन परिणाम सबके सामने है—दोषी सजा काट रहे हैं और उन्हें जमानत तक नहीं मिली।
उन्होंने कहा कि हाल ही में कांग्रेस ने भर्ती घोटाले में भी सीबीआई जांच को लेकर भ्रम फैलाने की कोशिश की, लेकिन जांच प्रक्रिया जारी है और वहां भी कांग्रेस को मुँह की खानी पड़ी। उन्होंने कहा कि अंकिता के माता-पिता की इच्छा और किसी भी प्रकार की शंका शेष न रहे, इसलिए ही सीबीआई जांच की संस्तुति की गई है।
चौहान ने कहा कि ऊधम सिंह नगर में किसान आत्महत्या प्रकरण में एसआईटी जांच चल रही है और शिकायत के आधार पर कार्रवाई की गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने इसी जिले में पुलिस को बदनाम करने का प्रयास किया, लेकिन विधायक पुत्र द्वारा स्वयं पर हमले की साजिश रचने का मामला सामने आने के बाद सच्चाई उजागर हो गई और संबंधित विधायक को जनता से माफी मांगनी पड़ी।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस की बेचैनी को जनता भली-भांति समझती है। सकारात्मक राजनीति करने के बजाय कांग्रेस दुष्प्रचार में लगी है और अंकिता को न्याय दिलाने की दिशा में चल रहे प्रयासों में बाधा उत्पन्न कर रही है।