’ब्वारी टिप्पणी पर भाजपा का पलटवार, महिलाओं के सम्मान से जुड़ा मुद्दा बताया
देहरादून। भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश महामंत्री दीप्ति रावत भारद्वाज ने कांग्रेसी नेता गणेश गोदियाल के हालिया बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि “ब्वारी लेकर आएंगे” जैसी भाषा महिलाओं के प्रति असंवेदनशीलता दर्शाती है और उन्हें वस्तु के रूप में प्रस्तुत करने की मानसिकता को उजागर करती है, जो किसी भी सभ्य समाज के लिए चिंताजनक है।

उन्होंने स्पष्ट किया कि पहाड़ी बोली में “ब्वारी” का अर्थ बहू होता है, और इस शब्द का इस तरह उपयोग महिलाओं की गरिमा, सम्मान और स्वतंत्र पहचान के खिलाफ है। महिला कोई वस्तु नहीं है जिसे “लाया” या “ले जाया” जाए, बल्कि वह समाज की समान भागीदार और सशक्त व्यक्तित्व है। ऐसी टिप्पणियाँ न केवल महिलाओं के सम्मान को ठेस पहुंचाती हैं, बल्कि समाज में गलत संदेश भी देती हैं।
दीप्ति रावत भारद्वाज ने कहा कि आज महिलाएँ हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा और परिश्रम के बल पर नए कीर्तिमान स्थापित कर रही हैं। राजनीति, शिक्षा, विज्ञान, सेना और खेल जैसे क्षेत्रों में उनकी सशक्त भागीदारी देश और प्रदेश के विकास को नई दिशा दे रही है। ऐसे समय में इस तरह के बयान महिलाओं की भूमिका को कमतर आंकने का प्रयास हैं।
उन्होंने आगे कहा कि नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र और राज्य सरकारें महिला सशक्तिकरण, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही हैं, जिससे महिलाओं को आगे बढ़ने के लिए बेहतर अवसर और सुरक्षित वातावरण मिल रहा है।
अंत में उन्होंने कहा कि इस प्रकार की टिप्पणी पितृसत्तात्मक सोच को दर्शाती है, जिसे समाज में स्वीकार नहीं किया जा सकता। भारतीय जनता पार्टी महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है और इस दिशा में निरंतर कार्य करती रहेगी।